Chhattisgarh Mein Kitne Airport Hai 2026? जानिए
क्या आप 2026 तक छत्तीसगढ़ में हवाई अड्डों की संख्या जानने के लिए उत्सुक हैं?
अगर हां, तो यह लेख आपके लिए है! छत्तीसगढ़ में हवाई अड्डों का नेटवर्क तेजी से बढ़ रहा है, और 2026 तक राज्य की हवाई कनेक्टिविटी में बड़े सुधार हुए हैं।
जानें, छत्तीसगढ़ के मौजूदा एयरपोर्ट्स की स्थिति और भविष्य में कितने और नए एयरपोर्ट राज्य में चालू होने की दिशा में अग्रसर हैं।

हम इस लेख में छत्तीसगढ़ के हवाई अड्डों के विभिन्न प्रकार, उनके स्थान और उपलब्ध सुविधाओं पर विस्तृत चर्चा करेंगे।
इसके अलावा, हम छत्तीसगढ़ के पर्यटन के बारे में भी जानकारी देंगे। यह उन यात्रियों के लिए बेहद फायदेमंद होगा, जो इस खूबसूरत राज्य का दौरा करने की योजना बना रहे हैं।
छत्तीसगढ़ में कुल कितने डोमेस्टिक एयरपोर्ट हैं?
छत्तीसगढ़, जहां की प्राकृतिक सुंदरता और सांस्कृतिक धरोहर हर किसी को आकर्षित करती है, अब हवाई यात्रा के मामले में भी एक नया आयाम छू रहा है।
यहाँ के प्रमुख हवाई अड्डे अब यात्रियों को आधुनिक सुविधा और आराम का बेहतरीन अनुभव दे रहे हैं। जनवरी 2026 की स्थिति के अनुसार, राज्य में प्रमुख रूप से चार कमर्शियल एयरपोर्ट संचालित हैं:
1. स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट, रायपुर: रायपुर का यह हवाई अड्डा न सिर्फ राज्य का मुख्य एयरपोर्ट है, बल्कि यह अपनी कार्गो हैंडलिंग क्षमताओं और उत्कृष्ट यात्री सुविधाओं के लिए पूरे भारत में प्रसिद्ध है।
2. बिलासपुर एयरपोर्ट (चकरभाटा): यह एयरपोर्ट उत्तर छत्तीसगढ़ को देश के अन्य प्रमुख शहरों से जोड़ने के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र बन गया है।
3. जगदलपुर एयरपोर्ट (माँ दंतेश्वरी एयरपोर्ट): यह बस्तर क्षेत्र के पर्यटकों और स्थानीय निवासियों के लिए एक लाइफलाइन है, जो छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक सुंदरता को दुनिया से जोड़ता है।
4. अम्बिकापुर एयरपोर्ट (माँ महामाया एयरपोर्ट): सरगुजा क्षेत्र में स्थित यह नया हवाई अड्डा अब पूरी तरह चालू है, जिससे उत्तर छत्तीसगढ़ की कनेक्टिविटी और मजबूत हुई है।
छत्तीसगढ़ में कितने अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे हैं?
छत्तीसगढ़ में वर्तमान में चार प्रमुख घरेलू एयरपोर्ट हैं – रायपुर, बिलासपुर, जगदलपुर और अम्बिकापुर। हालांकि, राज्य में अभी तक पूर्ण रूप से ‘पोषित’ कोई अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट नहीं है।
रायपुर स्थित स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप अपग्रेड किया गया है और यहाँ से अंतरराष्ट्रीय उड़ानें शुरू करने की प्रक्रिया निरंतर चर्चा और विकास के चरण में है।
इंटरनेशनल एयरपोर्ट की कमी नागरिकों और स्थानीय व्यवसायों के लिए एक अहम मुद्दा रही है। वैश्विक बाजारों तक सीधी पहुंच होने से राज्य में निवेश के नए अवसर खुलेंगे और आर्थिक विकास को गति मिलेगी।
सरकार इस दिशा में तेजी से कार्य कर रही है ताकि अन्य देशों से सीधी फ्लाइट्स उपलब्ध कराई जा सकें। इससे न केवल पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा बल्कि छत्तीसगढ़ के निवासियों के लिए रोजगार के नए अवसर भी उत्पन्न होंगे।
छत्तीसगढ़ का सबसे बड़ा हवाई अड्डा कौन सा है?
स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट, रायपुर, छत्तीसगढ़ का सबसे बड़ा और व्यस्ततम एयरपोर्ट है। यह राज्य की राजधानी में स्थित है और पूरे मध्य भारत के लिए एक अहम हवाई गेटवे के रूप में कार्य करता है।
इतिहास और निर्माण: इस एयरपोर्ट का नया एकीकृत टर्मिनल भवन अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस है और इसे समय-समय पर विस्तारित किया गया है ताकि बढ़ती यात्री संख्या को संभाला जा सके।
सुविधाएँ: एयरपोर्ट में लंबी हवाई पट्टी (रनवे) है जो बड़े विमानों की लैंडिंग के लिए सक्षम है। यहाँ यात्रियों के लिए आधुनिक दुकानें, रेस्तरां, लाउंज और वाई-फाई जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं।
कनेक्टिविटी: यह एयरपोर्ट दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, बेंगलुरु और हैदराबाद जैसे लगभग सभी बड़े घरेलू गंतव्यों के लिए सीधी उड़ानें संचालित करता है। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए इसे भविष्य में बैंकॉक और दुबई जैसे गंतव्यों से जोड़ने की योजना है।
यह एयरपोर्ट न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि पड़ोसी राज्यों के यात्रियों के लिए भी एक महत्वपूर्ण हवाई यात्रा केंद्र बन चुका है।
Conclusion Points
छत्तीसगढ़ में वर्तमान में प्रमुख संचालित डोमेस्टिक एयरपोर्ट्स की सूची इस प्रकार है:
- स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट, रायपुर
- बिलासपुर एयरपोर्ट
- जगदलपुर एयरपोर्ट
- अम्बिकापुर एयरपोर्ट
हालांकि ये चार हवाई अड्डे राज्य की आंतरिक कनेक्टिविटी को मजबूत कर रहे हैं, फिर भी एक पूर्ण अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की आवश्यकता महसूस की जा रही है।
2026 में छत्तीसगढ़ का विमानन क्षेत्र जिस तेजी से विकसित हो रहा है, उसे देखते हुए उम्मीद है कि जल्द ही राज्य वैश्विक मानचित्र पर भी अपनी सीधी उपस्थिति दर्ज कराएगा। यह कदम राज्य के पर्यटन, अर्थव्यवस्था और समग्र विकास में एक मील का पत्थर साबित होगा।
